UPPCS प्रारंभिक परीक्षा 2019 · सामान्य अध्ययन I · प्रश्न 32

Read in English · हिंदी अनुवाद: Battle IAS

निम्नलिखित में से कौन-सा सुमेलित नहीं है?

  1. a बंदी प्रत्यक्षीकरण (हेबियस कॉर्पस) - ‘शरीर को प्रस्तुत किया जाए’
  2. b परमादेश (मैंडेमस) - ‘हम आदेश देते हैं’
  3. c प्रतिषेध (प्रोहिबिशन) - ‘प्रमाणित किया जाए’
  4. d अधिकार पृच्छा (क्वो वारंटो) - ‘किस अधिकार से’
उत्तर (c) · Battle IAS द्वारा जाँचा गया

विकल्प (c) ग़लत जोड़ा है, इसलिए यही उत्तर है: ‘प्रमाणित किया जाए’ या ‘सूचित किया जाए’ उत्प्रेषण (सर्शियोरारी) का अर्थ है, प्रतिषेध का नहीं। प्रतिषेध का अर्थ है ‘मना करना’; यह किसी अधीनस्थ न्यायालय या अधिकरण को उसके अधिकार क्षेत्र से बाहर जाने से रोकता है। विकल्प (a) सही है: बंदी प्रत्यक्षीकरण का अर्थ है ‘शरीर को प्रस्तुत किया जाए’, और यह अवैध हिरासत से रक्षा करता है। विकल्प (b) सही है: परमादेश का अर्थ है ‘हम आदेश देते हैं’, जिससे किसी लोक अधिकारी को उसका कर्तव्य करने का आदेश दिया जाता है। विकल्प (d) सही है: अधिकार पृच्छा का अर्थ है ‘किस अधिकार से’, जिससे किसी व्यक्ति के सार्वजनिक पद पर दावे की जाँच होती है। अवधारणा: सर्वोच्च न्यायालय अनुच्छेद 32 और उच्च न्यायालय अनुच्छेद 226 के अंतर्गत रिट जारी करते हैं, और उच्च न्यायालयों की रिट शक्ति अधिक व्यापक है। प्रतिषेध निर्णय से पहले जारी होता है, और उत्प्रेषण निर्णय के बाद उसे रद्द करने के लिए।

सावधानी

‘प्रमाणित किया जाए’ उत्प्रेषण है; प्रतिषेध का अर्थ ‘मना करना’ है।

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